webnovel
Nilam_Yadav_2184
Nilam_Yadav_2184Lv14mth
2026-01-16 20:17

Yadav ki jaati mahaan hai Krishna ji hamare shaan hai jo yadav hai vah dekho

Liked by 1 people

LIKE
empty img

No replies. Be the first!

Related Stories

Heartbeat Under My Control

आर्यन ओबेरॉय… एक ऐसा नाम, जो ताकत, नियंत्रण और डर का दूसरा रूप था। उसकी दुनिया में सब कुछ उसके इशारों पर चलता था—उसका बिज़नेस, उसके फैसले… यहाँ तक कि उसकी भावनाएँ भी। लेकिन एक चीज़ थी, जो उसके कंट्रोल में नहीं थी— उसका अपना दिल। एक दुर्लभ और खतरनाक बीमारी ने उसे अंदर से कमजोर बना दिया था। उसकी धड़कनें कभी भी बेकाबू हो जातीं—इतनी तेज़ कि उसकी जान ले सकती थीं। डॉक्टर्स, दवाइयाँ… सब बेकार साबित हो चुके थे। और फिर… आराही कपूर उसकी ज़िंदगी में आई। एक मामूली मुलाकात… एक नामुमकिन असर… और अचानक—उसका बेकाबू दिल शांत हो गया। पहली बार, आर्यन को लगा कि उसने फिर से अपने आप पर काबू पा लिया है। लेकिन ये सिर्फ एक इत्तेफाक नहीं था… ये उसकी सबसे खतरनाक जरूरत बन चुका था। अब वो उसे सिर्फ अपने पास नहीं रखना चाहता था— उसे चाहिए थी… हर वक्त। क्योंकि आर्यन ओबेरॉय वो इंसान नहीं था जो अपनी जरूरतों को खो दे। उसकी दुनिया में फँसकर, आराही खुद को एक ऐसे खेल का हिस्सा पाती है जहाँ डर और आकर्षण की रेखा धुंधली हो जाती है। हर पल उसके करीब रहना उसे कमजोर भी बना रहा है… और बांध भी रहा है। क्या वो उसे बचा रही है… या खुद को उसकी कैद में खो रही है? क्योंकि आर्यन की दुनिया में प्यार कोई एहसास नहीं— एक जुनून है। एक लत है। और एक बार ये लग जाए… तो उससे बचकर निकलना नामुमकिन है।

Nivedita_Ladwal · Urban
26 Chs

Contract Love, Criminal Heart

वह एक बेहद खूबसूरत लड़की थी, जिसके लंबे, काले, लहराते बाल और पन्ने जैसी हरी आँखें किसी का भी ध्यान खींच सकती थीं। गहरे नीले रंग के एक सुंदर गाउन में वह किसी राजकुमारी की तरह लग रही थी। तेरह साल की छोटी सी उम्र में ही वह संगीत की दुनिया का एक चमकता सितारा बन चुकी थी, लोग उसकी प्रतिभा के कायल थे। वह प्रवेश द्वार के पास खड़ी अपनी कार का इंतज़ार कर रही थी। स्ट्रीटलाइट की धीमी रोशनी में उसका चेहरा चमक रहा था और दूर से आती गाड़ियों की आवाज़ उस शांत रात में घुल रही थी। तभी उसके छोटे से पर्स में रखा फ़ोन वाइब्रेट हुआ। उसने जल्दी से फ़ोन निकाला। "अनन्या," फ़ोन पर उसके भाई की शांत लेकिन ज़रूरी आवाज़ आई। "कुछ काम आ गया है। हमें पहुँचने में कुछ मिनट लगेंगे। तुम वहीं दरवाज़े पर रहना, कहीं मत जाना।"

Guru_novel_story · Urban
10 Chs

Bepanah Ishq

बेपनाह इश्क़ – उपन्यास विवरण आदित्य बनर्जी के पास वह सब कुछ है, जिसकी दुनिया पूजा करती है— दौलत, ताक़त और बेदाग़ नियंत्रण। बनर्जी ग्रुप ऑफ़ इंडस्ट्रीज़ का सीईओ होने के नाते उसने ज़िंदगी को नियमों, रणनीतियों और ख़ामोशी में बाँध रखा है। उसके लिए जज़्बात कमज़ोरी हैं और इश्क़ एक ऐसा भ्रम, जिसे वह बहुत पहले छोड़ चुका है। लेकिन जब बनर्जी ग्रुप मनोरंजन की दुनिया में कदम रखता है और एक महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट “बेपनाह” शुरू होता है, तो आदित्य की सधी हुई ज़िंदगी में दरारें पड़ने लगती हैं। क्योंकि कुछ कहानियाँ लिखी नहीं जातीं— वे जी जाती हैं। उसकी ज़िंदगी में एक औरत आती है। बिना शोर, बिना दावे, लेकिन गहरी सच्चाई के साथ। वह आदित्य की सत्ता को चुनौती नहीं देती, फिर भी उसकी दुनिया हिला देती है। जो रिश्ता पेशेवर दूरी से शुरू होता है, वही धीरे-धीरे ऐसे जज़्बातों में बदल जाता है, जिन्हें आदित्य बरसों से दबाता आया है। जैसे-जैसे महत्वाकांक्षा और चाहत टकराती हैं, आदित्य को उस सच का सामना करना पड़ता है, जिससे वह हमेशा भागता रहा— कि दबाया हुआ इश्क़ खत्म नहीं होता। वह इंतज़ार करता है। और जब लौटता है, तो बेपनाह होकर लौटता है। कॉरपोरेट ताक़त और सिनेमा की चमक-दमक के बीच रची गई बेपनाह इश्क़ एक धीमी लेकिन तीव्र प्रेम कहानी है— जहाँ जुनून है, दर्द है, विश्वासघात है और वह प्रेम है जो सब कुछ बदल देता है। यह कोई परीकथा नहीं है। यह इश्क़ है—सच्चा, भारी और याद रह जाने वाला। बेपनाह इश्क़ — कुछ मोहब्बतें चुनी नहीं जातीं, वे मुक़द्दर होती हैं।

Rahul_Mondal_2953 · Urban
12 Chs